दोस्ती


दोस्ती खुदा की दी हुई नेमत है। दोस्त सच्चा हो तो दुनिया में हम कभी अकेले नहीं होते। मुझे भी खुदा ने अता फ़रमाई है ये नेमत। इसीलिए दिल  से निकली ये चार पंक्तियाँ जो आपसे साझा कर रहा हूँ,जल्दी ही पूरी कविता आपके समक्ष होगी।

आप सभी को मकर संक्रांत की हार्दिक शुभकामनायें। स्वस्थ रहिये, मस्त रहिये ,व्यस्त रहिये 

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